पटना में हिरासत में लिए गए तेज प्रताप यादव ने युवाओं के समर्थन में कहा – ‘मैं उनके लिए मर मिटने को तैयार हूँ’
बिहार की राजधानी पटना में शनिवार को उस वक्त भारी हंगामा देखने को मिला, जब छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हो गई। इस दौरान राजद नेता तेज प्रताप यादव को भी पुलिस ने हिरासत में ले लिया। छात्रों के समर्थन में पहुंचे तेज प्रताप यादव ने इस मौके पर एक बड़ा बयान देते हुए कहा कि वह युवाओं के हक की लड़ाई में उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े हैं और उनके लिए मर मिटने को भी तैयार हैं।
मामला पटना के गांधी मैदान से शुरू हुआ, जहां पेपर लीक के मुद्दे को लेकर छात्र बड़ी संख्या में प्रदर्शन करने पहुंच रहे थे। स्थिति को बिगड़ते देख पुलिस ने छात्रों को रोकने की कोशिश की, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच तीखी झड़प हुई। इस झड़प के दौरान कुछ प्रदर्शनकारियों की ओर से पुलिस पर पथराव किया गया, जिसके जवाब में पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। पुलिस का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह कदम उठाना जरूरी था।
तेज प्रताप यादव का पटना पहुंचना और हिरासत में लिया जाना इस मामले को और गरमा गया है। हिरासत में लिए जाने के बाद उन्होंने बेहद भावुक और आक्रामक तेवर दिखाए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि युवाओं का भविष्य दांव पर लगा है और वे इस संघर्ष में अपना सब कुछ न्योछावर करने से पीछे नहीं हटेंगे। उनके इस बयान के बाद पटना ही नहीं, बल्कि पूरे बिहार का राजनीतिक पारा चढ़ गया है।
पटना के अलावा बिहार के अन्य शहरों जैसे भागलपुर, छपरा और औरंगाबाद में भी छात्रों का गुस्सा सड़कों पर उतर आया है। इन शहरों में भी छात्रों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग की। कहीं-कहीं पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प और पत्थरबाजी की खबरें भी आईं, जिससे पूरे राज्य में तनाव का माहौल बना हुआ है।
छात्रों की मुख्य मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की है। प्रदर्शनकारी छात्रों का आरोप है कि लगातार हो रहे पेपर लीक के मामलों ने लाखों युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है। फिलहाल पटना के गांधी मैदान और आसपास के इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात है और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।
